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सिद्धचक्र महामण्डल विधान-अष्टान्हिका महापर्व के आठवें दिन 1024 अर्घ्यों के साथ श्रद्धालुओं ने की उत्तम तप एवं आत्मकल्याण की आराधना….

श्री दिगम्बर जैन मंदिर, सेक्टर-27 बी, चंडीगढ़ में अष्टान्हिका महापर्व के अंतर्गत आयोजित श्री सिद्धचक्र महामण्डल विधान एवं शांति महायज्ञ के आठवें एवं अंतिम विधान दिवस पर श्रद्धा, भक्ति एवं आध्यात्मिक उल्लास का वातावरण रहा। प्रातःकाल भगवान जिनेन्द्रदेव का अभिषेक एवं पूजन सम्पन्न हुआ, जिसके उपरांत भक्तिभाव के साथ 1024 अर्घ्य समर्पित कर श्री सिद्धचक्र महामण्डल विधान का विधिपूर्वक समापन किया गया।

अष्टान्हिका महापर्व का आठवाँ दिन जैन धर्म में अत्यंत विशेष एवं आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है। यह दिन आत्मशुद्धि, तप, संयम तथा मोक्षमार्ग के प्रति अटूट श्रद्धा का प्रतीक है। आठ दिनों तक चलने वाली इस आराधना का समापन साधक को यह संदेश देता है कि सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र के साथ तप एवं भक्ति ही आत्मा के कल्याण का वास्तविक मार्ग हैं। सिद्धचक्र महामण्डल विधान में समर्पित प्रत्येक अर्घ्य आत्मा की निर्मलता, कर्म निर्जरा तथा आध्यात्मिक उन्नति का प्रतीक माना जाता है।

आज की शांतिधारा का सौभाग्य श्री करुण जैन, श्री नितिन जैन, डॉ. संयोग जैन, श्री संदीप जैन (45) एवं श्री दामोदर जैन को प्राप्त हुआ। उन्होंने विश्व कल्याण, समाज में सुख-शांति एवं सभी प्राणियों के मंगल की भावना से शांतिधारा संपन्न की।

विधान के दौरान संगीत एवं भक्ति के मधुर वातावरण में श्रद्धालुओं ने बड़े उत्साह एवं भाव-विभोर होकर सहभागिता की। विधानाचार्य के निर्देशन में सम्पन्न हुई धार्मिक आराधना में धर्मसभा के माध्यम से तप, त्याग, संयम एवं आत्मकल्याण का संदेश दिया गया तथा अष्टान्हिका महापर्व की महिमा का विस्तार से वर्णन किया गया।

आज के सामूहिक भोजन का पुण्यार्जन श्री सोहन लाल जैन एवं श्रीमती सारिका जैन, दुर्ग (छत्तीसगढ़) परिवार द्वारा किया गया।

कल, 29 जुलाई को अष्टान्हिका महापर्व का भव्य समापन होगा। इस अवसर पर प्रातःकाल शांति विधान तथा उसके उपरांत विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें देश, समाज एवं समस्त विश्व में सुख, शांति, समृद्धि एवं मानव कल्याण की मंगल कामना के साथ विशेष धार्मिक अनुष्ठान सम्पन्न होंगे। श्री दिगम्बर जैन समाज ने सभी श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर धर्मलाभ प्राप्त करने का आग्रह किया है।