श्रीमद्भागवत कथा एवं तृतीय वृंदावन प्राकट्य उत्सव का भव्य आयोजन आज से “चंडीगढ़ अब वृंदावन बनने जा रहा है, सभी श्रद्धालु कथा सुनने जरूर आएं” — पंडित अनुज शास्त्री चंडीगढ़, 15 अक्टूबर 2026। श्रीमद्भागवत कथा एवं तृतीय वृंदावन प्राकट्य उत्सव को लेकर शहर में धार्मिक उत्साह का माहौल है। इस भव्य आयोजन के संबंध में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रसिद्ध गायक बी प्राक, मुनीश बजाज और पंडित अनुज शास्त्री ने कार्यक्रम से जुड़ी जानकारी साझा की। आयोजकों के अनुसार, इस धार्मिक उत्सव में श्रद्धालुओं को श्रीमद्भागवत कथा, भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और भजन संध्या के माध्यम से आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रसिद्ध गायक बी प्राक ने बताया कि इस श्रीमद्भागवत कथा एवं तृतीय वृंदावन प्राकट्य उत्सव का आयोजन श्रद्धा और भक्ति के भाव के साथ किया जा रहा है। उन्होंने विशेष रूप से मुनीश बजाज जी का नाम लेते हुए कहा कि इस आयोजन में सबसे अधिक योगदान उनका है। बी प्राक ने मुनीश बजाज जी के प्रयासों, समर्पण और इस भव्य धार्मिक आयोजन को साकार करने में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की। इस धार्मिक उत्सव में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पूज्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री जी महाराज, जूना अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी महाराज तथा प्रसिद्ध कथावाचक अनिरुद्धाचार्य जी महाराज के शामिल होने की जानकारी भी दी गई है। चंडीगढ़ अब वृंदावन बनने जा रहा है : पंडित अनुज शास्त्री प्रेस कॉन्फ्रेंस में पंडित अनुज शास्त्री जी ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में श्रीमद्भागवत कथा में पहुंचने की अपील की। उन्होंने बताया कि कथा व्यास श्री इंद्रेश जी उपाध्याय भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और उनके जीवन से जुड़े आध्यात्मिक प्रसंगों का वर्णन करेंगे। पंडित अनुज शास्त्री जी ने कहा, “चंडीगढ़ अब वृंदावन बनने जा रहा है। मैं सभी श्रद्धालुओं से अपील करता हूं कि वे अपने परिवार और मित्रों के साथ इस श्रीमद्भागवत कथा में जरूर आएं और भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का श्रवण कर भक्ति के इस पावन वातावरण का हिस्सा बनें।” उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और भगवान श्रीकृष्ण के दिव्य संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। श्री इंद्रेश जी उपाध्याय करेंगे श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन आयोजन के दौरान कथा व्यास श्री इंद्रेश जी उपाध्याय श्रीमद्भागवत कथा का वाचन करेंगे। कथा में भगवान श्रीकृष्ण के जन्म, उनकी बाल लीलाओं और उनके जीवन से जुड़े विभिन्न आध्यात्मिक प्रसंगों का वर्णन किया जाएगा। कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को प्रेम, भक्ति, धर्म और जीवन मूल्यों का संदेश दिया जाएगा। भजन संध्या में प्रसिद्ध कलाकार देंगे प्रस्तुतियां धार्मिक उत्सव के दौरान प्रतिदिन भजन संध्या का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें विभिन्न कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भक्तिरस में सराबोर करेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 16 अक्टूबर को रसिक विनोद, 17 अक्टूबर को कृष्ण दास, 18 अक्टूबर को अरुषि गंभीर, 19 अक्टूबर को माहिर शर्मा, 20 अक्टूबर को चित्र-विचित्र, 21 अक्टूबर को रसराज तथा 22 अक्टूबर को प्रसिद्ध गायक बी प्राक और श्री इंद्रेश जी उपाध्याय की प्रस्तुतियां होंगी। आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे इस पावन आयोजन में शामिल होकर श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण करें और भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति का आनंद लें।
चंडीगढ़, 15 अक्टूबर 2026। श्रीमद्भागवत कथा एवं तृतीय वृंदावन प्राकट्य उत्सव को लेकर शहर में धार्मिक उत्साह का माहौल है। इस भव्य आयोजन के संबंध में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रसिद्ध गायक बी प्राक, मुनीश बजाज और पंडित अनुज शास्त्री ने कार्यक्रम से जुड़ी जानकारी साझा की। आयोजकों के अनुसार, इस धार्मिक उत्सव में श्रद्धालुओं को श्रीमद्भागवत कथा, भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और भजन संध्या के माध्यम से आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रसिद्ध गायक बी प्राक ने बताया कि इस श्रीमद्भागवत कथा एवं तृतीय वृंदावन प्राकट्य उत्सव का आयोजन श्रद्धा और भक्ति के भाव के साथ किया जा रहा है। उन्होंने विशेष रूप से मुनीश बजाज जी का नाम लेते हुए कहा कि इस आयोजन में सबसे अधिक योगदान उनका है। बी प्राक ने मुनीश बजाज जी के प्रयासों, समर्पण और इस भव्य धार्मिक आयोजन को साकार करने में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की।
इस धार्मिक उत्सव में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पूज्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री जी महाराज, जूना अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी महाराज तथा प्रसिद्ध कथावाचक अनिरुद्धाचार्य जी महाराज के शामिल होने की जानकारी भी दी गई है।
चंडीगढ़ अब वृंदावन बनने जा रहा है : पंडित अनुज शास्त्री
प्रेस कॉन्फ्रेंस में पंडित अनुज शास्त्री जी ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में श्रीमद्भागवत कथा में पहुंचने की अपील की। उन्होंने बताया कि कथा व्यास श्री इंद्रेश जी उपाध्याय भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और उनके जीवन से जुड़े आध्यात्मिक प्रसंगों का वर्णन करेंगे।
पंडित अनुज शास्त्री जी ने कहा, “चंडीगढ़ अब वृंदावन बनने जा रहा है। मैं सभी श्रद्धालुओं से अपील करता हूं कि वे अपने परिवार और मित्रों के साथ इस श्रीमद्भागवत कथा में जरूर आएं और भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का श्रवण कर भक्ति के इस पावन वातावरण का हिस्सा बनें।”
उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और भगवान श्रीकृष्ण के दिव्य संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम है।
श्री इंद्रेश जी उपाध्याय करेंगे श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन
आयोजन के दौरान कथा व्यास श्री इंद्रेश जी उपाध्याय श्रीमद्भागवत कथा का वाचन करेंगे। कथा में भगवान श्रीकृष्ण के जन्म, उनकी बाल लीलाओं और उनके जीवन से जुड़े विभिन्न आध्यात्मिक प्रसंगों का वर्णन किया जाएगा। कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को प्रेम, भक्ति, धर्म और जीवन मूल्यों का संदेश दिया जाएगा।
भजन संध्या में प्रसिद्ध कलाकार देंगे प्रस्तुतियां
धार्मिक उत्सव के दौरान प्रतिदिन भजन संध्या का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें विभिन्न कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भक्तिरस में सराबोर करेंगे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 16 अक्टूबर को रसिक विनोद, 17 अक्टूबर को कृष्ण दास, 18 अक्टूबर को अरुषि गंभीर, 19 अक्टूबर को माहिर शर्मा, 20 अक्टूबर को चित्र-विचित्र, 21 अक्टूबर को रसराज तथा 22 अक्टूबर को प्रसिद्ध गायक बी प्राक और श्री इंद्रेश जी उपाध्याय की प्रस्तुतियां होंगी।
आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे इस पावन आयोजन में शामिल होकर श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण करें और भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति का आनंद लें।


