लाइव कैलेंडर

October 2026
M T W T F S S
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031  

LIVE FM सुनें

India News24x7 Live

Online Latest Breaking News

उत्तराखण्ड स्थापना दिवस पर भाजपा उत्तराखण्ड प्रकोष्ठ चंडीगढ़ द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन…

चंडीगढ़, 10 नवम्बर 2025: भारतीय जनता पार्टी, चंडीगढ़ के उत्तराखण्ड प्रकोष्ठ के अध्यक्ष भूपेन्द्र शर्मा के नेतृत्व में उत्तराखण्ड राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम भाजपा कार्यालय कमलम, सेक्टर 33 चंडीगढ़ में आयोजित हुआ।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य उत्तराखण्ड की गौरवशाली संस्कृति, लोक परंपराओं और राज्य निर्माण की ऐतिहासिक यात्रा को याद करना तथा नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ना रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन से किया गया। इसके उपरांत कलाकारों द्वारा लोक गीतों और लोक नृत्यों की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं, जिनमें उत्तराखण्ड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली।

लोक कलाकारों ने “पहाड़ा की नारी”, “नारंगी की ढाणी”, “दैणा होया खोली का गणेशा हे”, “बारा एनी बग्वाल माधो सिंघा” जैसे प्रसिद्ध लोक गीत प्रस्तुत किए, जबकि मनमोहक उत्तराखंड के नृत्य की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इन प्रस्तुतियों में उत्तराखंड की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

इस अवसर पर उत्तराखंड प्रकोष्ठ के अध्यक्ष भूपिंदर शर्मा ने राज्य सभा सदस्य सतनाम सिंह सिधु, भाजपा, चंडीगढ़ प्रदेशाध्यक्ष जितेंद्र मल्होत्रा, हिमाचल प्रदेश के सह प्रभारी संजय टंडन, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अरुण सूद , शक्ति देवशाली, रामवीर भट्टी, हीरा नेगी, रवि रावत, सुनीता भट्ट, गणमान्य सभी अतिथियों का सम्मान किया गया। जबकि बुद्धि चंद, आनंद प्रसाद शर्मा, चंडी प्रसाद ममगई, प्रकाश चंद बलूनी, बर्फ सिंह पंवार, वीरपाल सिंह नेगी, प्रशांत शर्मा, हरीश पोखरियाल, लक्ष्मी प्रसाद नौटियाल, विक्रम बिष्ट, ज्वाला भंडारी इस मौके पर उपस्थित थे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भूपेन्द्र शर्मा ने कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य उत्तराखण्ड की संस्कृति और परंपराओं को नई पीढ़ी के सामने लाना तथा प्रवासी उत्तराखण्डवासियों को अपनी जड़ों से जोड़े रखना था। हमारी कोशिश है कि उत्तराखण्ड की गौरवशाली विरासत आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाई जा सके।

उन्होंने आगे कहा कि उत्तराखण्ड राज्य के गठन की यात्रा संघर्षों और बलिदानों से भरी रही। राज्य के निर्माण में हजारों लोगों ने आंदोलन के दौरान अपनी जानें कुर्बान कीं। आज का दिन उन सभी संघर्षशील वीरों को स्मरण करने और उनके सपनों के उत्तराखण्ड के निर्माण का संकल्प लेने का अवसर है।

इस अवसर पर अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने भी अपने विचार साझा किए और राज्य की प्रगति व समृद्धि की शुभकामनाएं दीं।