चंडीगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी का बिजली वितरण कंपनी सीपीडीएल (CPDL) की कार्यप्रणाली पर कड़ा हमला….
चंडीगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने बिजली वितरण कंपनी सीपीडीएल (CPDL) की कार्यप्रणाली पर कड़ा हमला बोलते हुए उसे तुरंत सुधार की चेतावनी दी है। पार्टी ने स्पष्ट कहा है कि यदि कंपनी ने अपनी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया तो कांग्रेस सड़कों पर उतरकर बड़ा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेगी।
चंडीगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एच.एस. लक्की ने आज जारी बयान में कहा कि जब से सीपीडीएल ने चंडीगढ़ में बिजली वितरण की जिम्मेदारी संभाली है, तब से आम लोगों की समस्याएं लगातार बढ़ी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी ने बिना जनहित का ध्यान रखे बिजली बिलिंग व्यवस्था को मासिक कर दिया है, जबकि पहले दो महीने में बिल आता था। इससे आम उपभोक्ताओं पर अनावश्यक आर्थिक बोझ पड़ा है और कंपनी को अग्रिम भुगतान के जरिए सीधा वित्तीय लाभ हो रहा है।
लक्की ने कहा कि पिछले दिनों एक ही महीने में दो बार बिजली बिल भेजे जाने की घटनाएं भी सामने आई हैं, जो कंपनी की अव्यवस्थित और उपभोक्ता-विरोधी कार्यप्रणाली को दर्शाती हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कंपनी अपने कर्मचारियों का शोषण कर रही है। कई कर्मचारियों ने कांग्रेस पार्टी के समक्ष शिकायतें दर्ज करवाई हैं, जिनमें सर्विस रूल्स की अनदेखी और प्रशासन द्वारा तय नियमों के उल्लंघन के गंभीर आरोप शामिल हैं।
उन्होंने आगे कहा कि हाल ही में शहर के कई इलाकों में घंटों तक बिजली गुल रही, लेकिन कंपनी की ओर से समय पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
लक्की ने याद दिलाया कि कांग्रेस पार्टी ने पहले ही बिजली विभाग के निजीकरण का विरोध किया था और नेहरू पार्क के सामने 10 दिनों तक लगातार धरना दिया था। उस समय भी कांग्रेस ने चेताया था कि भाजपा के सहयोग से निजी कंपनी को बैकडोर एंट्री दी जा रही है, जिसका खामियाजा भविष्य में शहर की जनता को भुगतना पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि हाल ही में लिया गया फैसला, जिसमें हर वर्ष 2% और पांच वर्षों में कुल 11% बिजली दरों में वृद्धि का प्रावधान है, आम जनता पर महंगाई का अतिरिक्त बोझ डालने वाला है।
लक्की ने बताया कि कुछ दिन पहले सीपीडीएल के अधिकारियों और प्रवक्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल उनके निवास पर मिला था, जहां उन्होंने कंपनी के समक्ष उपभोक्ताओं और कर्मचारियों से जुड़ी सभी गंभीर चिंताओं को स्पष्ट रूप से रखा था और कार्यप्रणाली में सुधार की सख्त सलाह दी थी।
आज पुनः चेतावनी देते हुए लक्की ने कहा कि यदि कंपनी ने शीघ्र सुधार नहीं किया, तो कांग्रेस पार्टी प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग करेगी और साथ ही बड़े जन आंदोलन के लिए बाध्य होगी।
उन्होंने अंत में कहा कि सीपीडीएल को केवल मुनाफे की सोच छोड़कर जनकल्याण को प्राथमिकता देनी चाहिए, ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिले और कर्मचारियों के साथ भी न्यायपूर्ण व्यवहार सुनिश्चित हो सके।


