कमल चौहान अखिल भारतीय गुर्जर महासभा की पंजाब इकाई के प्रधान नियुक्त
चंडीगढ़( ):-अखिल भारतीय गुर्जर महासभा ने पंजाब राज्य की नई कार्यकारिणी की घोषणा कर दी है। अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बच्चू सिंह बैंसला ने आज नए संगठन के तहत कमल चौहान को राज्य की कमान सौंपी है। इस मौके पर सोहन लाल चेची को कॉर्डिनेटर नियुक्त किया गया। इस अवसर पर पंजाब के लगभग सभी शहरों से गुर्जर समाज के सैंकड़ों लोग उपस्थित हुए और समाज की एकजुटता दिखाई।
अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बच्चू सिंह बैंसला ने कहा कि अखिल भारतीय गुर्जर महासभा 1908 से गुर्जर समाज की सबसे पुरानी और प्रतिष्ठित संस्था हैं । देशभर में गुर्जर समाज की शिक्षा, सामाजिक जागरूकता, सांस्कृतिक संरक्षण और संगठनात्मक विकास के लिए सक्रिय रूप से कार्यरत है। संगठन ने समय-समय पर समाजहित में विभिन्न पहलें कर अपनी ऐतिहासिक भूमिका को सुदृढ़ किया है। उन्होंने कहा कि यह महासभा एक समर्पित सामाजिक एवं परोपकारी संगठन है, जो शिक्षा, सामाजिक उत्थान, जनसेवा और समाज के सर्वांगीण विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि संस्था द्वारा समय-समय पर शिक्षा सहायता, आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद परिवारों की मदद, सामाजिक जागरूकता अभियान, युवाओं के मार्गदर्शन एवं विकास से जुड़े अनेक कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं। गुर्जर समाज देशभक्ति एवं क्रांतिकारी समाज है, देश की आजादी के लिए पहले मुगलों से लड़े फिर अंग्रेजों से, इसलिए जंगल में पलायन करना पड़ा। यही वजह है कि गुर्जर समाज, मुख्य धारा से कटी रहीं।
बच्चू सिंह बैंसला ने बताया कि कमल चौहान की नियुक्ति से देश और प्रदेश में समाज में एक नई संगठन को मजबूती मिलेगी एवं उनकी नियुक्ति से समाज को बढ़ावा मिलेगा।
इस मौके पर कमल चौहान ने कहा अखिल भारतीय गुर्जर महासभा ने उन्हें जो जिम्मेदारी सौंपी है, वह उसे पूरी निष्ठा व ईमानदारी से निभाएंगे और देश व प्रदेश में समाज के हितों के लिए काम करेंगे। उन्होंने अपनी नियुक्ति पर महासभा के संरक्षक एवं राष्ट्रीय महासभा के अध्यक्ष सहित समस्त कार्यकारिणी का आभार जताया।
कमल चौहान ने आगे कहा कि महासभा शिक्षा के क्षेत्र में तो भरपूर कार्य कर रही है। इसके अलावा देश और प्रदेश को नशामुक्त बनाने की दिशा में भी प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि गुर्जर समाज पूरे राज्य में युवाओं को नशे के खिलाफ जागरूक करने के लिए ‘नशा मुक्ति यात्राएं’ निकालेगा। इस अभियान की शुरुआत औद्योगिक शहर लुधियाना से की जाएगी।
कमल चौहान ने कहा कि सामाजिक जागरूकता के साथ-साथ गुर्जर समाज ने पंजाब की राजनीति में भी अपनी मजबूत दावेदारी पेश की है। महासभा के नेताओं ने दावा किया है कि पंजाब में गुर्जर समाज की आबादी लगभग 9 प्रतिशत है, जो एक बड़ा वोट बैंक है। यह समुदाय 2027 के आगामी पंजाब विधानसभा चुनावों में निर्णायक भूमिका निभाने की तैयारी कर रहा है। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि अब समाज के नेता और कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर अपने लोगों को एकजुट करेंगे। चुनाव के समय संगठन अपनी पूरी ताकत दिखाएगा और जिस भी पार्टी या प्रतिनिधि का समर्थन करेगा, उसका खुलेआम मंच से ऐलान किया जाएगा। संगठन का मानना है कि नशे से मुक्त होकर ही युवा सही मायने में आत्मनिर्भर बन पाएंगे और समाज के साथ-साथ प्रदेश के राजनीतिक व आर्थिक विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकेंगे।


