बॉलीवुड के पुराने गीतों से सजी टैगोर थिएटर की शाम…..
चंडीगढ़( ) सेक्टर-18 के टैगोर थिएटर में मेरी आवाज ही पहचान है संस्था की ओर से गीत संगीत की एक शाम का आयोजन हुआ। संस्था की ओर से नए साल के स्वागत के साथ अपनी दूसरी वर्षगांठ के मौके पर इसे मनाया गया।
इस अवसर पर कार्यक्रम का शुभारम्भ संजीत शर्मा और सुनीता धीमान ऑर्गनाइज़र म्यूजिक अरेंजर सुरिंदर शेरी सहित मुख्य अतिथि डॉ. राजिंदर कौर,विशिष्ट अतिथि जय काम्बोज निदेशक, साधना संगर और विशेष अतिथि के साथ दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया
कार्यक्रम में आयोजक संजीत शर्मा और सुनीता धीमान ने बताया कि संस्था की ओर से दो वर्षों में यह 25वीं प्रस्तुति है सुनीता धीमान ने उपस्थित सभी पत्रकारों एवं संगीतकारों और अडियंस को धन्यवाद करते हुए अपने संस्था के वारे मे बताया और बताया की सभी संगीतकारों की शानदार परफॉर्मेंस से दर्शकों का मन मोह लिया
कार्यक्रम की शुरुआत में नृत्य की प्रस्तुति नैंसी ने दी। इसके बाद गीतों की शुरुआत हुई। अमरजीत सिंह ने है अपना दिल तो आवारा गीत पेश किया। संजय शर्मा और रुत्वी सिंह ने आदमी मुसाफिर है गीत पेश किया। आरएन गुप्ता ने मेरे सपनों की रानी, रिपुदमन सिंह राठौड़ और रमन कपूर ने लेके पहला पहला प्यार पेशकर तालियां बटोरीं। मनीष कौशल और अंजू चौहान ने ये रात भीगी भीगी गीत पेश किया। गगनदीप सिंह ने तू इस तरह से मेरी जिंदगी में गीत पेश किया। राजू धीर ने बहारों फूल बरसाओ पेश कर तालियां बटोरी।
बलविंदर सिंह लूथरा और आशा लूथरा ने दिल उसे दो जो जान दे दे, वेद वागड़ी ने मेरी उमर के नौजवानों, कविश कुमार और नैंसी ने यार बिना चैन कहां रे, पलविंदर सिंह जिलेदार ने मैं जट जमला पगला दीवाना सुनाया।
संजीत शर्मा और सुनीता धीमान ऑर्गनाइज़र के गीतों से
तम्मा तम्मा लोंगे तम्मा,,
जानेजां ढूंढता फिर
रहा हु तुम्हे रात दिन,,,
गेस्ट ऑफ ऑनर और संगीत कारो ने अपने गीतों द्वारा
डॉ अमनदीप सिंह
ये जवानी है दीवानी,,, डॉ. साहिल बंसल
अपनी तो जैसे तैसे,,,,,
आर सी दास युगल प्रिया मारवाहा
ऐसी दीवानगी देखी नहीं कहीं,,,
गुरविंदर सिंह
पग घुंघरू बांध मीरा नाची थी और हम नाचें बिन घुंघरू के ,,,,,
डॉ. रमन कपूर युगल रिपु दमन सिंह राठौड़
लेके पहला पहला प्यार भर के आँखों में खुमार,,,,,,,,
राजश चोपड़ा युगल रुतवी सिंह
मेहबूब मेरे मेहबूब मेरे,,,,,
नरेश सैनी एनसंजय कौशल
आने वाले साल को सलाम,,,,,
कवीश कुमार एन नैन्सी
यार बिना चैन काहा रे,,,
एडवोकेट प्रिंस शर्मा एन डॉ नवीन चावला
यम्मा यम्मा यम्मा यम्मा यः खुबसूरत समा,,,,,,,
विक्की संधू
याद आ रहा है तेरा प्यार,,,,
आर एन गुप्ता
मेरे सपनों की रानी कब आएगी तू,,,,,
इत्यादि गीतों द्वारा थिएटर मे सुनहरे दौर की दिल को छू लेने वाली धुनों के साथ गूंज उठा
कार्यक्रम में म्यूजिकल बैंड की धुन पर लगभग 30 प्रसिद्ध गायक कारो ने पुरानी फिल्मी गाने प्रस्तुत कर दर्शको का मन मोह लिया और खूब तालियां बटोरी और वाहवाही लूटी।


