“नशा एवं टीबी मुक्त युवा” विषय पर सात दिवसीय विशेष एनएसएस शिविर का उद्घाटन…..
राजकीय वाणिज्य एवं व्यवसाय प्रशासन महाविद्यालय (GCCBA), सेक्टर 50, चंडीगढ़ में 29 सितंबर 2026 को “नशा एवं टीबी मुक्त युवा” विषय पर आधारित सात दिवसीय विशेष एनएसएस शिविर का उद्घाटन बड़े उत्साह और अनुशासन के साथ किया गया। शिविर का शुभारंभ अत्यंत जोश और ऊर्जा से भरे वातावरण में हुआ, जिसमें एनएसएस स्वयंसेवकों की सेवा, सीखने, जागरूकता और कौशल विकास की भावना स्पष्ट रूप से झलक रही थी।
प्रथम दिवस का आरंभ प्रातःकाल योग सत्र तथा सायंकाल आत्मरक्षा (सेल्फ-डिफेंस) प्रशिक्षण से हुआ, जिसमें सभी 100 एनएसएस स्वयंसेवकों ने उल्लेखनीय एकता, तालमेल और अनुशासन के साथ भाग लिया। उनकी समन्वित गतिविधियाँ और सामूहिक सहभागिता टीम वर्क, नेतृत्व, आत्म-अनुशासन और प्रतिबद्धता जैसे उन मूल्यों को दर्शा रही थीं, जिन्हें एनएसएस युवाओं में विकसित करना चाहता है।
शिविर का औपचारिक उद्घाटन एनएसएस सेल, चंडीगढ़ के राज्य संपर्क अधिकारी डॉ. नेमी चंद द्वारा किया गया। प्राचार्या डॉ. संगम कपूर, डीन प्रो. (डॉ.) पूनम अग्रवाल, कार्यक्रम अधिकारी डॉ. योगेश कुमार एवं डॉ. आंचल मलिक तथा एनएसएस सलाहकार डॉ. रेणुका मेहरा ने उनका औपचारिक स्वागत किया। उद्घाटन समारोह का आरंभ पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जो शिविर की सकारात्मक और उद्देश्यपूर्ण शुरुआत का प्रतीक है।
स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए डॉ. नेमी चंद ने उन्हें शिविर के दौरान सौंपे गए प्रत्येक कार्य को निष्ठा और जिम्मेदारी से पूरा करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने युवाओं से नशे तथा अन्य सभी प्रकार की लतों से दूर रहने का आग्रह किया और स्वस्थ एवं जिम्मेदार जीवनशैली अपनाने के महत्व पर बल दिया। उन्होंने भारत में, विशेषकर चंडीगढ़ में, तपेदिक (टीबी) के चिंताजनक प्रसार की ओर भी ध्यान दिलाया। उन्होंने एनएसएस स्वयंसेवकों से आह्वान किया कि वे चंडीगढ़ के निवासियों में टीबी की रोकथाम के प्रति जागरूकता फैलाने में सक्रिय भूमिका निभाएँ तथा लोगों को इस बीमारी के प्रति सतर्क रहने के लिए प्रोत्साहित करें।
एनएसएस बैज समारोह उद्घाटन दिवस का एक अन्य महत्वपूर्ण क्षण रहा, जिसने औपचारिक रूप से शिविर के आरंभ को चिह्नित किया और स्वयंसेवकों में गर्व, उत्तरदायित्व, कर्तव्य और अपनत्व की नई भावना का संचार किया।
भोजनोपरांत सत्र में चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस के एएसआई जगरूप सिंह, हेड कांस्टेबल राजीव तथा कांस्टेबल प्रदीप सांबर सिंह ने अपनी टीम के साथ एक ज्ञानवर्धक यातायात जागरूकता सत्र आयोजित किया। टीम ने एक interactive प्रश्नोत्तरी के माध्यम से स्वयंसेवकों को जोड़ा, जिसमें विजेताओं को पुरस्कार स्वरूप हेलमेट प्रदान किए गए। स्वयंसेवकों को लापरवाह और तेज़ गति से वाहन चलाने के दुष्परिणामों, जैसे गंभीर दुर्घटनाओं और जानमाल की हानि, को दर्शाने वाले प्रभावशाली वीडियो भी दिखाए गए। इस सत्र में विद्यार्थियों को तेज़ रफ्तार, वाहनों के साथ स्टंट करने तथा यातायात नियमों के उल्लंघन के खतरों के प्रति संवेदनशील बनाया गया।
सात दिवसीय विशेष एनएसएस शिविर का पहला दिन प्रेरणादायक और सार्थक रूप में संपन्न हुआ। स्वयंसेवक उत्साहित, जागरूक और शिविर की आगामी गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए उत्सुक नज़र आए।


